दीवाल विवाद को लेकर पांचवे दिन भी बन्द रहा महाहर धाम का सुंदरीकरण कार्य,समझौते के बाद भी रविदास मंदिर पक्ष के लोग जता रहे असहमति - एसपी पहुँचे महाहर धाम
मरदह। महाहर धाम मंदिर परिसर में पर्यटन विभाग द्वारा कराएं जा रहे सुन्दरी करण कार्य के तहत नव निर्मित चाहरदीवारी को लेकर शिव मंदिर कमेटी और रविदास मंदिर समिति के बीच विवाद के समझौते के बाद भी संत रविदास मंदिर के पक्ष लोग समझौते से संतुष्ट नही है। जिससे दिन रात लगातार पुलिस एवं पीएससी की मंदिर परिसर में तैनाती है।पुलिस अधीक्षक डॉ ईरज राजा ने दोनों समितियों के लोगो की बैठक करके पूरे मामले का जानकारी प्राप्त करते हुए। दोनों पक्षों को शांति व्यवस्था बनाए रखने हेतु अपील किया । विवाद का मुख्य कारण शिवमंदिर के सामने संत रविदास मंदिर के बगल में सुंदरीकरण कार्य के तहत नवनिर्मित चाहरदीवारी का निर्माण है। तीन दिन तक चक्काजाम,धरना प्रदर्शन,विरोध प्रदर्शन,नारेबाजी को लेकर जिला प्रशासन अलर्ट है। दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर शुक्रवार की शाम सदर एसडीएम रविश गुप्ता व सीओ कासीमाबाद अनुभव राजर्षि ने एक फूट चाहरदिवारी को ढ़हा कर खत्म कराया था। शनिवार की सुबह स्थित फिर वही उत्पन्न हो गई जिसके बाद देर शाम को मौके पर पहुंचे एडीएम भू राजस्व आयुष चौधरी व पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अतुल कुमार सोनकर फिर दोबारा बैठक करके रविदास मंदिर के फर्श का सुन्दरीकरण, सामने लगने वाली दुकानों जगह अन्यत्र मिलने व 6 इंच लेयर ईट ढहाकर मामले का दोनों पक्षों के समझौता पत्र आपसी रजामंदी से पटाक्षेप कर दिया था।लेकिन उसके बाद भी रविदास मंदिर पक्ष के लोग इस फैलसे से असंतुष्ट है। वह पूरी तरह से दीवाल ध्वस्त कराने की जिद पर अड़े है।फैसले को मानने से इंकार करने की जानकारी पर आज पांचवें दिन पुलिस अधीक्षक डॉ ईरज राजा ने स्थिति का जाएजा लेते हुए दोनों समिति के लोगों से आमने-सामने बैठाकर बातों को सुनकर आपसी भाईचारा सौंदार्य बनाएं रखने की अपील करते हुए उचित दिशा निर्देश दिया।शान्ति व्यवस्था कायम रखने के लिए महाहर धाम परिसर में सीओ कासिमाबाद के साथ ही मरदह पुलिस एवं एक प्लाटून व डेढ़ सेक्सन पीएससी बल की तैनात रही।इस विवाद के बाद से महाहर धाम परिसर में पर्यटन विभाग द्वारा करवाया जा रहा सुंदरीकरण कार्य पूर्ण रूप से 5 वें दिन भी बन्द है। जिससे तनाव बना हुआ है।इस अवसर पर ग्रामीण पुलिस अधीक्षक अतुल कुमार सोनकर,सीओ अनुभव राजर्षि,थानाध्यक्ष तारावती यादव दोनो मंदिर कमेटियों के सदस्यगण उपस्थित रहे।




