पेय जल संकट से जूझ रहे नगर वासियों के लिए खुश खबरी 17करोड़ से बनेगी तीन पानी की टंकिया और सात नलकूप-नगर की पेयजल आपूर्ति को तीन जोन में बांटा जाएगा
रानू पाण्डेय
खानपुर।सैदपुर नगर की पेयजल समस्या के समाधान के लिए शासन ने 17 करोड़ रुपये की परियोजना को मंजूरी दे दी है। इस परियोजना में नए ओवरहेड टैंकों का निर्माण, ट्यूबवेल की बोरिंग और आवश्यकतानुसार पाइपलाइन बिछाने का कार्य शामिल है। नगर पंचायत अध्यक्ष सुशीला सोनकर और सभासदों के प्रयासों से यह राशि स्वीकृत हुई है।
वर्तमान में सैदपुर नगर में कुल तीन ओवरहेड टैंक हैं, जिनकी क्षमता 400 किलो लीटर, 600 किलो लीटर और 1000 किलो लीटर है। इनमें से 400 किलो लीटर का सबसे पुराना टैंक केवल टैंकरों में पानी भरने के काम आता है। 600 किलो लीटर क्षमता वाले टैंक को कंडम घोषित कर उपयोग से बाहर कर दिया गया है। फिलहाल, 1000 किलो लीटर का एकमात्र टैंक ही नगर को पेयजल आपूर्ति कर रहा है, जो स्वयं भी जर्जर अवस्था में है।
नगर में पेयजल आपूर्ति बनाए रखने के लिए नए ओवरहेड टैंकों की तत्काल आवश्यकता थी। इसी क्रम में मंगलवार को जल निगम के जेई अजय कुमार और टेंडर लेने वाली फर्म के प्रतिनिधि सैदपुर नगर पहुंचे। उन्होंने चेयरमैन प्रतिनिधि सुभाष सोनकर के साथ मिलकर प्रस्तावित कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया और निर्माण स्थलों का चयन किया।
जेई अजय कुमार ने बताया कि परियोजना का कार्य जल्द शुरू होगा। योजना के तहत, जलकल परिसर में 800 किलो लीटर का एक ओवरहेड टैंक बनेगा। शेखपुर में पुराने जर्जर टैंक को हटाकर 700 किलो लीटर का एक नया टैंक स्थापित किया जाएगा। तीसरा और सबसे बड़ा 2500 किलो लीटर का ओवरहेड टैंक वार्ड 11 में बनेगा। इसके अतिरिक्त, आवश्यकतानुसार टैंकों के पास और अन्य स्थानों पर कुल सात नए ट्यूबवेल लगाए जाएंगे और दो ट्यूबवेल की री-बोरिंग की जाएगी।
नगर की पेयजल आपूर्ति को तीन जोन में बांटा जाएगा। इससे मरम्मत कार्य के दौरान केवल संबंधित जोन की आपूर्ति ही प्रभावित होगी, जिससे पूरे नगर की आपूर्ति बाधित नहीं होगी।में बनेगा। इसके अतिरिक्त, आवश्यकतानुसार टैंकों के पास और अन्य स्थानों पर कुल सात नए ट्यूबवेल लगाए जाएंगे और दो ट्यूबवेल की री-बोरिंग की जाएगी।
नगर की पेयजल आपूर्ति को तीन जोन में बांटा जाएगा। इससे मरम्मत कार्य के दौरान केवल संबंधित जोन की आपूर्ति ही प्रभावित होगी, जिससे पूरे नगर की आपूर्ति बाधित नहीं होगी।
नगर पंचायत अध्यक्ष सुशीला सोनकर ने इस परियोजना को अपने कार्यकाल की एक बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि पेयजल नगर की प्राथमिक जरूरतों में से एक है और इस योजना से नगरवासियों को पर्याप्त दबाव के साथ पर्याप्त पेयजल उपलब्ध हो सकेगा।
है, शीघ्र कार्य शुरू होगा।




